देहरादून : राजधानी देहरादून के सहस्रधारा इलाके में सोमवार रात बादल फटने से भारी तबाही मच गई। अचानक आए मलबे ने मुख्य बाजार को अपनी चपेट में ले लिया। जिससे कई होटल और दुकानें तबाह हो गईं। हादसे के समय बाज़ार में अफरा-तफरी मच गई। राहत और बचाव कार्य अभी जारी है।
बाजार में फंसे 100 लोग, स्थानीय लोगों ने बचाई जान
जानकारी के अनुसार, रात करीब साढ़े 12 बजे बादल फटने के बाद पहाड़ी से गिरे मलबे ने सहस्रधारा बाज़ार में तबाही मचा दी। इस हादसे में 2-3 बड़े होटल और 7-8 दुकानें पूरी तरह तबाह हो गईं। घटना के दौरान बाज़ार में करीब 100 लोग फंस गए। लेकिन स्थानीय ग्रामीणों की मदद से सभी को सुरक्षित निकाल लिया गया। वहीं, प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, एक-दो लोगों के लापता होने की आशंका है, हालांकि अभी इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।

यह भी पढ़ें : नैनीताल की माल रोड फिर धंसी, लोअर माल रोड पर 50 फीट लंबी दरार
नदियां उफान पर, टपकेश्वर मंदिर जलमग्न
बादल फटने से क्षेत्र की नदियां भी उफान पर आ गईं। तमसा नदी ने विकराल रूप धारण कर लिया, जिससे प्रसिद्ध टपकेश्वर महादेव मंदिर पानी में डूब गया और शिवलिंग तक पानी पहुंच गया। प्रशासन ने मंदिर परिसर को तुरंत खाली करा दिया है। आईटी पार्क क्षेत्र में सोंग नदी का जलस्तर भी काफी बढ़ गया है। पुलिस ने आसपास रहने वाले लोगों को सतर्क रहने और सुरक्षित स्थानों पर जाने की सलाह दी है।

यह भी पढ़ें : हल्द्वानी में बड़ा हादसा, बरसाती नाले में बही बोलेरो! एक युवक लापता, दो सुरक्षित
SDRF और PWD की टीमें राहत कार्य में जुटी हैं
आपदा नियंत्रण कक्ष से सूचना मिलने पर SDRF और दमकल विभाग की टीम मौके के लिए रवाना हुई, लेकिन सड़क पर मलबा होने के कारण बचाव दल वहां नहीं पहुंच सका। बाद में लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) की मशीनों से मलबा हटाया गया और सड़क खोलने का काम शुरू किया गया।
इस बीच, देर रात हुई भारी बारिश के कारण मसूरी के झड़ीपानी इलाके में भी एक हादसा हुआ। यहाँ मज़दूरों के अस्थायी मकानों पर मलबा गिर गया, जिसमें एक मज़दूर की मौत हो गई और एक अन्य गंभीर रूप से घायल हो गया। घायल को तुरंत अस्पताल ले जाया गया।
मुख्यमंत्री धामी ने जताया दुख
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने घटना पर दुख व्यक्त करते हुए सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्विटर पर लिखा- देहरादून के सहस्रधारा में देर रात हुई भारी बारिश के कारण कुछ दुकानों को नुकसान पहुंचने की दुखद खबर मिली है। ज़िला प्रशासन, एसडीआरएफ़ और पुलिस मौके पर मौजूद हैं और राहत एवं बचाव कार्य में लगे हुए हैं। मैं लगातार प्रशासन के संपर्क में हूँ और व्यक्तिगत रूप से स्थिति पर नज़र रख रहा हूँ। मैं ईश्वर से सभी की सुरक्षा की प्रार्थना करता हूँ।
यह भी पढ़ें :










